कोरोना राहत पैकेज: आर्थिक तंगी की मार सह रहे सेक्टर्स को वित्त मंत्री की बड़ी सौगात, जानें घोषणाएं

Nirmala Sitharaman
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कोरोना की दूसरी लहर में आर्थिक तंगी से जूझ रहे तमाम सेक्टर्स को बल देते हुए सोमवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने प्रेसवार्ता में बड़ी घोषणा करते हुए 1.1 लाख करोड़ के राहत पैकेज का एलान किया है. जिससे पटरी से उतरी अर्थव्यवस्था को दोबारा गति दी जा सके. आइए बताते है क्या रही अहम बातें-

टूरिज्म सेक्टर के लिए पैकेज

दूसरी लहर में करारी मार झेल रहे पर्यटन क्षेत्र के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है. इसके तहत टूरिस्ट गाइड (Tourist Guide) और इस तरह के दूसरे के लोगों के लिए मदद दी जाएगी. इसका लाभ 11,000 टूरिस्ट गाइड को मिलेगा। एक लाख रुपये तक की सहायता टूरिस्ट गाइड को दी जाएगी. टूरिस्ट एजेंसी को 10 लाख रुपये तक की मदद दी जाएगी.

5 लाख टूरिस्ट वीजा फ्री में देने का ऐलान

2019 में 10.93 मिलियन टूरिस्ट भारत आए थे. 30.098 बिलियन डॉलर उन्होंने खर्च किए थे. सरकार जब वीजा जारी करने की प्रक्रिया शुरू होगी, तब 5 लाख टूरिस्ट वीजा फ्री में जारी करेगी. ये स्कीम 31 मार्च 2022 तक चलेगी या फिर जबतक 5 लाख वीजा खत्म नहीं हो जाते. इस पर सरकार 100 करोड़ रुपये खर्च करेगी.

आत्मनिर्भर भारत योजना को आगे बढ़ाया

वित्त मंत्री ने आत्मनिर्भर भारत रोजगार योजना (ABRY) से जुड़ी बड़ी घोषणा की। उन्होंने कहा कि इस योजना का मकसद नए रोजगार का सृजन करना था। यह भी सुनिश्चित करना था कि जिन लोगों की नौकरी चली गई है, उन्हें फिर से रोजगार मिल सके. यह स्कीम 30 जून 2021 तक थी. अब इस योजना की अवधि अगले साल 31 मार्च तक बढ़ा दी गई है. इस योजना के तहत नियोक्ता और कर्मचारी के हिस्से का पीएफ योगदान सरकार करती है.

स्वास्थ्य पर 23,220 करोड़ रुपये खर्च करेंगे

सरकार ने स्वास्थ्य पर 23,220 करोड़ रुपये और खर्च करने का ऐलान किया है. 15,000 करोड़ रुपये इमरजेंसी हेल्थ सिस्टम (2020-21) पर खर्च हुए, जिससे कोविड डेडिकेटेड अस्पतालों की संख्या में 25 गुना बढ़ोतरी हुई, 7929 कोविड हेल्थ सेंटर्स खोले गए, 9954 कोविड केयर सेंटर्स खोले गए. 7.5 गुना ऑक्सीजन सपोर्ट बेड की व्यवस्था की गई. आइसोलेशन बेड्स की संख्या में 42 गुना इजाफा हुआ. ICU बेड्स की संख्या 45 गुना बढ़ी.

गाँव-गाँव तक पहुंचेगा इंटरनेट

वित्त मंत्री ने कहा कि डिजिटल इंडिया के तहत सभी गांवों को ब्रॉडबैंड के तहत लाया जाएगा. 19041 करोड़ रुपये का खर्च होगा. इससे उन गांवों को भी इंटरनेट से जोड़ दिया जाएगा. भारतनेट के पीपीपी मॉडल के तहत 16 राज्यों में इस योजना को लागू किया जा रहा है.

ईसीएलजीएस स्कीम के तहत मिलेगा लोन

पिछले साल भी सरकार ने क्रेडिट गारंटी योजना का एलान किया था. इस बार ईसीएलजीएस (ECLGS) स्कीम के तहत 1.5 लाख करोड़ रुपये का अतिरिक्त लोन का प्रावधान किया गया है. क्रेडिट गारंटी स्कीम से 25 लाख छोटे उद्यमियों को इसका फायदा मिलेगा. इसमें ब्याज की दर एमसीएलआर प्लस 2 फीसदी होगा. इसकी समय अवधि अधिकतम 3 साल की होगी। इसका लाभ 31 मार्च 2022 तक उठाया जा सकता है.

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