दिल्ली में कृत्रिम बारिश का रास्ता साफ, अक्टूबर-नवंबर में होगा ट्रायल
नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में वायु प्रदूषण से राहत दिलाने के लिए कृत्रिम बारिश का ट्रायल अब तय हो गया है। इसके लिए सभी मंजूरी मिल चुकी है। ट्रायल 1 अक्टूबर से 30 नवंबर 2025 तक नॉर्थ दिल्ली में किया जाएगा। इसमें हिंडन एयरपोर्ट से सेसना 206-एच एयरक्राफ्ट का इस्तेमाल किया जाएगा और पूरी प्रक्रिया आईआईटी कानपुर की निगरानी में होगी।
डीजीसीए ने मंजूरी देते हुए साफ किया है कि एयरक्राफ्ट का क्रू और इंजीनियर उसकी सर्विलांस में रहेंगे। पायलट के पास वैध प्रोफेशनल लाइसेंस और मेडिकल फिटनेस सर्टिफिकेट होना अनिवार्य होगा।
ट्रायल की तारीखें और शर्तें
इस ट्रायल की शुरुआत पहले जुलाई और फिर सितंबर में होनी थी, लेकिन मौसम और अन्य कारणों से इसे टालना पड़ा। अब इसे 1 से 11 अक्टूबर के बीच शुरू करने की योजना है। पूरे दो महीनों के दौरान, जब दिल्ली में स्मॉग की स्थिति गंभीर होगी, क्लाउड सीडिंग कराई जाएगी। इस दौरान एरियल फोटोग्राफी की अनुमति नहीं होगी।
प्रदूषण के खिलाफ बड़ा कदम
पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को धन्यवाद देते हुए कहा कि यह ट्रायल दिल्ली को प्रदूषण की समस्या से राहत दिलाने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल साबित होगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि स्मॉग कम करने में यह तकनीक कारगर होगी और जनता को सांस लेने में राहत मिलेगी।