अगली पीढ़ी को सही दिशा देने में हमारी नाकामी: अमेरिका में हिंदू मंदिर पर हमले की साजिश पर सद्गुरु
सद्गुरु ने अमेरिका के इलिनॉय राज्य के ऑरोरा में एक हिंदू मंदिर पर सामूहिक गोलीबारी की कथित साजिश के मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए अगली पीढ़ी को सही दिशा देने की जरूरत पर जोर दिया है। इस मामले में 19 साल के एक युवक पर कथित हमले की योजना से जुड़े आरोप लगाए गए हैं।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट में सद्गुरु ने कहा कि जब किसी युवा के मन में इतनी नफरत भर जाती है कि वह उन लोगों को मारने की योजना बनाने लगता है जिन्हें वह अपने से अलग मानता है, तो यह अगली पीढ़ी को सही तरीके से तैयार करने में हमारी नाकामी को दिखाता है।
उन्होंने कहा कि लोगों में अपनापन और सबको साथ लेकर चलने की भावना बढ़ाना जरूरी है। इसके साथ ही इंसान की सोच और चेतना को बेहतर बनाने की दिशा में काम करना चाहिए। सद्गुरु ने कथित हमले को रोकने के लिए जल्दी कदम उठाने वालों का भी आभार जताया।
सद्गुरु ने अपने संदेश में लिखा, “जब किसी युवा का जीवन नफरत से इस कदर भर जाता है कि वह उन लोगों को मारने की योजना बनाने लगता है जिन्हें वह अलग मानता है, तो यह अगली पीढ़ी को सही दिशा देने में हमारी नाकामी को दिखाता है।”
उन्होंने आगे कहा कि लोगों में सबको साथ लेकर चलने की भावना पैदा करना और इंसान की चेतना को बेहतर बनाने की दिशा में काम करना सबसे जरूरी है। अपने संदेश के अंत में उन्होंने ऑरोरा में कथित हमले को रोकने के लिए समय पर कदम उठाने वालों का आभार जताया।
ऑरोरा में क्या हुआ था?
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, इलिनॉय के पैलेटाइन में रहने वाले 19 साल के एक युवक को सामूहिक गोलीबारी की कथित योजना के मामले में गिरफ्तार किया गया। जांच करने वाले अधिकारियों को शक है कि इस योजना में ऑरोरा के एक हिंदू धार्मिक स्थल को निशाना बनाया जा सकता था। अधिकारियों को आरोपी से जुड़े कुछ चिंताजनक संदेशों की जानकारी मिलने के बाद मामला सामने आया।
युवक पर कथित योजना से जुड़े आरोप लगाए गए हैं। मामले की जांच जारी है और अधिकारियों ने शुरुआती बयानों में हमले के लिए तय जगह की पूरी तरह पुष्टि नहीं की थी।
इस घटना ने अलग समुदाय से होने के कारण लोगों के खिलाफ नफरत और हिंसा को लेकर चिंता बढ़ाई है।
सद्गुरु ने अपने संदेश में इस बात पर जोर दिया कि युवाओं में दूसरों को समझने और उनका सम्मान करने की भावना विकसित करना जरूरी है। उनके बयान में नफरत को हिंसा में बदलने से रोकने के लिए सबको साथ लेकर चलने और इंसान की सोच को बेहतर बनाने की जरूरत भी सामने आई।
उन्होंने कथित हमले को रोकने के लिए समय पर कदम उठाने वालों का धन्यवाद किया और खतरे को रोकने में उनकी भूमिका के लिए आभार जताया।