कनाड़ा में मुस्लिम परिवार की मौत से इस्लामोफोबिया पर पीएम इमरान और जस्टिन ट्रूडो के बीच तकरार

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कनाडा में पाकिस्‍तानी मूल के मुस्लिम परिवार को जानबूझकर ट्रक से कुचलकर मार देने पर दुनियाभर में जमकर गुस्‍सा देखा जा रहा है. इस खौफनाक घटना में 4 लोगों की मौत हो गई है और एक शख्‍स अभी जिंदगी और मौत से जूझ रहा है.

वहीं पाकिस्‍तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने घटना की निंदा करते हुए कहा क‍ि इससे पता चलता है कि पश्चिमी देशों में इस्‍लामोफोबिया बढ़ता जा रहा है. मुस्लिम परिवार की हत्‍या के बाद कनाडा के पीएम जस्टिन ट्रूडो भी इस्‍लामोफोबिया को लेकर निशाने पर आ गए हैं.

क्या है मामला

घटना टोरंटो से करीब 200 किलोमीटर दूर सिटी ऑफ लंदन शहर की है. यहां मिलीजुली आबादी है. जानकारी के मुताबिक, इस क्षेत्र का हर पांचवा नागरिक गैर कनाडाई मूल का है. अरब देशों के नागरिकों की संख्या काफी ज्यादा है. इसके बाद दक्षिण एशियाई लोग हैं. मामला रविवार रात करीब आठ बजे का है. पाकिस्तानी मूल का यह परिवार सड़क के किनारे बने लिंक रोड पर टहलने निकला था. इसी दौरान काले रंग का एक मिनी ट्रक उनकी तरफ आया और उसने इन चारों लोगों को रौंद दिया. पुलिस ने इसे हत्या का मामला करार दिया.

वहीं कनाडा के अधिकारियों ने बताया कि ट्रक ड्राइवर ने परिवार को मुस्लिम होने के कारण निशाना बनाया था. शहर के मेयर एड होल्डर ने कहा, ‘यह मुस्लिमों के खिलाफ सामूहिक हत्या का मामला है. नस्ली नफरत के कारण आरोपी ने इस घटना को अंजाम दिया’

मृतकों की पहचान पाकिस्‍तानी मूल के कनाडाई नागरिक सलमान अफजल (46), उनकी पत्नी मदीहा (44), उनकी बेटी यूमना (15) और 74 वर्षीया दादी के तौर पर हुई. बुजुर्ग महिला का नाम नहीं बताया गया. अस्पताल में भर्ती कराए गए बच्चे का नाम फैयाज बताया गया है. घटना के शिकार लोगों के परिजन ने एक बयान जारी कर इस बारे में बताया और कहा कि लोगों को नस्ली नफरत और इस्लाम के खिलाफ घृणा को रोकने के लिए खड़ा होना चाहिए.

कनाडा में इस्‍लामोफोबिया के लिए नहीं कोई जगह: जस्टिन ट्रूडो

कनाडा के पीएम जस्टिन ट्रूडो ने ट्वीट करके कहा कि मैंने इस घृणा से भरे और जघन्‍य हमले के बारे में लंदन के मेयर से बात की है. मैंने उन्‍हें बताया है कि हम इस्‍लामोफोबिया के खिलाफ जंग के लिए प्रत्‍येक साधन का इस्‍तेमाल जारी रखेंगे. मैं देशभर के मुस्लिमों से कहना चाहता हूं कि हम आपके साथ खड़े हैं. हमारे किसी समाज में इस्‍लामोफोबिया के लिए कोई जगह नहीं है. यह घृणा घातक है और घिनौनी है. यह निश्चित रूप से बंद होनी चाहिए.

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